सिंहपर्णी Taraxicum Officinalis
सिंहपर्णी Taraxicum Officinalis नाम :-बाटनिकल्स नेम तारैक्सैकम ओफिसिनलिस परिवार :- एस्टेरेसिया , अन्य नाम:- डंडेलियन , दुग्धफेनी फ्रेंच:- डेंट , डी लायन अर्थात शेर का दॉत आर्युवेद मतानुसार:- त्वचा रोगों :- सिंहपर्णी की टहनीयों को बीच से तोडा जाये तो इसके अन्दर दूधियॉ सफेद रस निकलता है जो त्वचा के लिये बहुमूल्य है । यह त्वचा रोगों के साथ त्वचा में खुजली , जलन , एग्जिमा , तथा चोटों के निशानों जैसी समस्याओं को दूर करती है । परन्तु इसका रस ऑखों के लिये हानिकारक होता है एंव यह बुढापे को नजदीक आने से रोकता है । इसके फूलों के सूप का प्रयोग झांईयों को दूर करने में किया जाता रहा है एंव सुन्दरता के निखार के लिये इसका प्रयोग चहरे पर लगाने व सूप का प्रयोग हर्बल उपचार आदि में किया जाता ...